बाल विकास एवं सीखने की प्रक्रिया
1) बाल विकास
i) बाल विकास का अर्थ, आवश्यकता तथा क्षेत्र।
ii) बाल विकास की अवस्थाएँ (शैशवावस्था, बाल्यावस्था, किशोरावस्था) एवं इनके अन्तर्गत होने वाले विकास-
a) शारीरिक विकास
b) मानसिक विकास, बुद्धि, बुद्धिलब्धि (आई.क्यू.), बुद्धि परीक्षण
c) संवेगात्मक विकास, संज्ञानात्मक विकास (पियाजे का सिद्धान्त)
d) सामाजिक विकास
e) भाषा विकास-अभिव्यक्ति क्षमता का विकास
f) सृजनात्मकता एवं सृजनात्मक क्षमता का विकास
g) व्यक्तित्व का विकास-अर्थ, प्रकार (अन्तर्मुखी, बहिर्मुखी, उभयमुखी)
h) व्यक्तित्व परीक्षण के तरीके एवं समायोजन के उपाय
i) वैयक्तिक भिन्नता-अर्थ, कारक एवं महत्व
j) कल्पना, चिन्तन और तर्क का विकास
iii) बाल विकास के आधार एवं उनको प्रभावित करने वाले कारक
a) वंशानुक्रम
b) वातावरण (पारिवारिक, सामाजिक, विद्यालयी, संचार माध्यम)
2) अधिगम (सीखना) का अर्थ तथा सिद्धान्त
i) अधिगम (सीखना) का अर्थ, अधिगम को प्रभावित करने वाले कारक-बालक का शारीरिक व मानसिक स्वास्थ्य, परिपक्वता, सीखने की इच्छा, प्रेरणा, विषय सामग्री का स्वरूप, वातावरण, शारीरिक एवं मानसिक थकान।
ii) अधिगम की प्रभावशाली विधियाँ-करके सीखना, अनुकरण द्वारा सीखना, निरीक्षण करके सीखना परीक्षण करके सीखना सामूहिक विधियों द्वारा सीखना, सम्मेलन व विचार गोष्ठी विधि, प्रोजेक्ट विधि, समूह अधिगम।
iii) अधिगम के नियम-थार्नडाइक के सीखने के मुख्य एवं गौण नियम तथा सीखने-सिखाने में इनका महत्व
iv) अधिगम के प्रमुख सिद्धान्त तथा कक्षा शिक्षण में इनकी व्यावहारिक उपयोगिता
a) थार्नडाइक का प्रयास एवं त्रुटि का सिद्धान्त
b) पावलव का सम्बद्ध प्रतिक्रिया का सिद्धान्त
c) स्किनर का क्रिया प्रसूत अधिगम सिद्धान्त
d) कोहलर का सूझ या अन्तर्दृष्टि का सिद्धान्त
e) पियाजे का सिद्धान्त
f) वाइगोत्स्की का सिद्धान्त
g) ब्रूनर का सिद्धान्त
h) सीखने का वक्र-अर्थ, प्रकार, सिद्धान्त एवं सीखने में पठार-अर्थ, कारण एवं निराकरण।
i) सीखने का स्थानान्तरण-अर्थ, प्रकार, सिद्धान्त एवं सीखने-सिखाने में स्थानान्तरण का महत्व।
v) अभिप्रेरण-अर्थ, प्रकार एवं महत्व
a) अभिप्रेरण की विधियाँ-रुचि, सफलता, प्रतिस्पर्धिता, सामूहिक कार्य, प्रशंसा, पुरस्कार, ध्यान, खेल, सामाजिक कार्यक्रम में सहभागिता, कक्षा का वातावरण।
b) सीखने-सिखाने के सन्दर्भ में तथा विद्यालयी व्यवस्था के सन्दर्भ में समुदाय के सक्रिय सदस्यों, ग्राम शिक्षा समितियों/विद्यालय प्रबन्ध समिति तथा अन्य प्रकार की विद्यालयी समितियों के सदस्यों का अभिप्रेरण
vi) ध्यान-अर्थ, प्रकार, ध्यान को प्रभावित करने वाले कारक एवं बच्चों का ध्यान केन्द्रित करने के उपाय
रुचि-अर्थ, प्रकार तथा बच्चों की रुचि का परीक्षण व उनमें रुचि उत्पन्न करने की विधियाँ अधिगम में रुचि का महत्व, ध्यान एवं रुचि का सम्बन्ध
vii) स्मृति-अर्थ, प्रकार तथा अच्छी स्मृति के प्रभावी कारक-विस्मरण का अर्थ, कारण एवं महत्व
viii) सांख्यिकी-अर्थ, महत्व एवं आँकड़ों का रेखाचित्र निरूपण- माध्य, माध्यिका एवं बहुलक